Friday, September 23, 2022

श्री मद भागवत गीता की 18 ज्ञान की बाते - 18 things of knowledge of Shri Mad Bhagwat Geeta । श्री कृष्ण भगवत गीता में क्या कहा है?


दोस्तो आज के इस पोस्ट में जानेंगे। कि क्या श्री मद भागवत गीता की 18 ज्ञान की बाते ? श्री कृष्ण भगवत गीता में क्या कहा है? इसके बारे में तो चलिए पोस्ट को शुरू करते है।

श्री मद भागवत गीता की 18 ज्ञान की बाते । श्री कृष्ण भगवत गीता में क्या कहा है?


जो भागवत गीता के श्री कृष्ण के 18 बाते जो मन लेता है। वे समस्त दुखो से वासनाओ से क्रोध से हीर सा से लोभ से लालच से सब बंधनो से मुक्त हो जाता है।


श्री मद भागवत गीता की 18 ज्ञान की बाते ? श्री कृष्ण भगवत गीता में क्या कहा है?

Step.1 आनद अपनी भीतर ही निवाश करता है। किंतु मनुष्य उसे इस्त्री में घर मे तथा वही सुखों में खोज रहा है। 


STep.2 भगवान का वन्धन केवल शरीर से ही नही मन से करता है। वन्धन भगवान को प्रेम बंधन में बांध देता है। 


Step.3 वषणा ही पुनः जन्म का कारण होती है। 


Step.4 त्रिंडियो के अधीन होने से मनुष्य के जीवन मे विकार आता है। 


Step.5 सायं सदा चार स्नेह एवं सेवा यह गुण त्संग के बिना नही आते 


Step.6 वस्त्र बदलने की आवश्कता नही है। आवश्कता है। हृदय परिवर्तन की 


STep.7 जवानी में जिसने ज्यादा पाप किये है। उसे बुढ़ापे में नींद नही आती है। 


Step.8 भगवान ने जिसे संपति दिया है। उसे गाय अवस्स रखनी चाहिए। 


Step.9 जुआ मदिरा पान पर इस्त्री संग हिंसा असत्य मध्य आसक्त ओर निर्दयता इन सब मे कलयुग का वाश है। 


स्टेप.10 अधिकारी शिष्य को अवस्स सतगुरु मिलता है। 


Step.11 मन को बार - बार समझयो की ईस्वर की सिवाय मेरा कोई नही है। विचार करो कि मेरा कोई भी नही है। ओर में किसी का नही हूं। 


Step.12 भोग में अक्षणिनी सुख है। और त्याग में अस्तयी आनंद है। 


STep.13 सत्संग ईश्वर की कृपा से मिलता है। परन्तु कुसन्द में पड़ना तुम्हारे हाथ मे है। 


Step.14 लोभ ओर ममता पाप के माफ माता पिता है। और लोभ पाप का महा पाप है। 


STep.15 इस्त्री का धर्म है। रोज तुलसी एवं पार्वती का पूजा करना चाहिए। 


Step.16 मन एवं बुद्धि पर विश्वास मत करो। ये बार - बार दागा देते है। अपने को निर्दोष मनना बढ़ा दोष है। 


Step.17 पति पत्नी पवित्र जीवन बिताए । तो भगवान पुत्र के रूप में पुनः के घर आने के इच्छा रखते है। 


Step.18 भगवान इन सब का छोटियो पर कास्ट पर ही जांच परखर ही मनुष्य को अपने सरन देते है। 


   ।।।ॐ नमः भगवते वशुदेवय नमः।।।


तो दोस्तो आप तो समझ ही गये होंगे। कि क्या भगवान गीता में भगवान श्री कृष्ण कहते है। तो क्या आप इससे पहले जानते थे। comment करके जरूर बताये।

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तो आज के लिए इतना ही उम्मीद करता हूं। कि ये पोस्ट आपको काफी ज्यादा पसंद आया होगा। तो आज के लिए इतना ही हम चलते है। फिर मिलेंगे नई पोस्ट के साथ तब तक हमारे ब्लॉग के अंत तक बने रहने के लिए आप सभी लोगो का दिल से धन्यवाद,,

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